रिपोर्ट: प्रदीप चौधरी चैनल हेड UP Live 24X7 खबर सच के साथ
आगरा (थाना किरावली): किरावली क्षेत्र की मिढ़ाकुर चौकी से इस वक्त की सबसे शर्मनाक और बड़ी खबर सामने आ रही है! सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हुए एक वीडियो ने उत्तर प्रदेश पुलिस के ‘मित्र पुलिस’ के दावों और नारों की सरेआम धज्जियां उड़ा कर रख दी हैं। कानून के रखवाले ही जब खाकी की हनक में गुंडागर्दी और अमर्यादित गाली-गलौज पर उतर आएं, तो जनता न्याय की गुहार किससे लगाए?
कैमरे में कैद हुआ सनसनीखेज सच: मर्यादा तार-तार
यह कोई मामूली विवाद नहीं है। वायरल वीडियो किसी राह चलते रास्ते का नहीं, बल्कि मिढ़ाकुर चौकी के सरकारी दफ्तर के अंदर का है, जहाँ कुर्सी पर बैठकर मर्यादा की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। वीडियो में जो सच सामने आया है, उसने पूरे पुलिस महकमे को कटघरे में खड़ा कर दिया है:
- जनप्रतिनिधि को जूते से मारने की धमकी: वीडियो में चौकी इंचार्ज नवनीत, सकतपुर निवासी सरपंच रामप्रकाश सोलंकी को सीधे तौर पर धमकी देते हुए सुने जा रहे हैं—“चौकी में आओगे तो जूते से मारूँगा…” इसके बाद अभद्र और बेहद गंदी गालियों का वो सिलसिला शुरू होता है, जिसे कोई सभ्य परिवार सुन भी नहीं सकता।
- मूकदर्शक बने रहे दूसरे दरोगा ”: इस पूरे घटनाक्रम में सबसे शर्मनाक बात यह रही कि जब चौकी इंचार्ज एक जनप्रतिनिधि का मानसिक उत्पीड़न कर रहे थे, तब उनके सामने वर्दी में मौजूद दूसरे दरोगा मूकदर्शक बने बैठे रहे। उन्होंने अपने साथी को रोकने या समझाने की ज़रा भी ज़हमत नहीं उठाई।
- उच्च अधिकारियों को रखा ठेंगे पर: खाकी के नशे में चूर चौकी इंचार्ज के दिल में अपने आला अफसरों का रत्ती भर भी खौफ नहीं था। ऑडियो में साफ सुना जा सकता है कि वे उच्च अधिकारियों के लिए भी बेहद आपत्तिजनक और अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल कर रहे हैं। चौकी के भीतर का यह नजारा किसी पुलिस दफ्तर का नहीं, बल्कि बदमाशों के ठिकाने जैसा प्रतीत हो रहा था।
पीड़ित सरपंच का छलका दर्द, क्षेत्र में था भारी आक्रोश
सकतपुर गांव के सरपंच रामप्रकाश सोलंकी ने बताया कि गांव के एक विवाद में पीड़ित पक्ष का समर्थन करने पर उनके साथ चौकी में यह अमर्यादित व्यवहार किया गया। इस घटना से उनके मान-सम्मान को गहरी ठेस पहुँची है। उन्होंने कहा कि वे इस मामले को लेकर उच्च अधिकारियों से शिकायत कर निष्पक्ष जांच की मांग करेंगे। वैसे भी क्षेत्र में पूर्व सैनिक सत्यवीर सिंह, जितेंद्र सिंह और गंगा सिंह सहित कई लोग इस चौकी प्रभारी की कार्यशैली, लापरवाही और अभद्र व्यवहार के खिलाफ पहले से ही आक्रोशित थे।
हमारे चैनल की खबर का बड़ा असर: डीसीपी पश्चिमी ने लिया कड़ा संज्ञान
बड़ी कार्रवाई: इस वीडियो के सामने आने के बाद हमारे चैनल ने इस खबर को प्रमुखता से दिखाया। चैनल पर खबर को प्रमुखता से चलाए जाने पर आला अधिकारियों ने मामले का तुरंत संज्ञान लिया।
डीसीपी (पश्चिम) ने पुलिस विभाग की छवि को धूमिल करने वाले इस आचरण को बेहद गंभीरता से लिया है। कानून और मर्यादा को ताक पर रखने वाले चौकी इंचार्ज नवनीत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और साथ ही पूरे प्रकरण की विभागीय जांच के आदेश भी दे दिए गए हैं।
‘मित्र पुलिस’ का बोर्ड लगाने वाली यूपी पुलिस के लिए यह घटना एक बड़ा सबक है कि खाकी की आड़ में गुंडागर्दी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। हमारे चैनल की इस मुहिम का असर है कि खबर चलते ही शासन-प्रशासन हरकत में आया और आरोपी अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित होना पड़ा।

