रिपोर्ट: प्रदीप चौधरी चैनल हेड UP Live 24X7 खबर सच के साथ
किरावली (आगरा)। किरावली तहसील परिसर में सोमवार को ग्राम रायभा निवासी किसान मनोज सिंह के साथ लेखपाल वीरपाल सिंह द्वारा की गई सरेआम मारपीट और गाली-गलौज के मामले ने अब भारी राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। इस शर्मनाक घटना के विरोध में आज भारतीय किसान यूनियन (भानु) ने किरावली तहसील मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया और सैकड़ों कार्यकर्ताओं के साथ उपजिलाधिकारी (SDM) को ज्ञापन सौंपकर आरोपी लेखपाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की।
₹2500 की रिश्वत और मारपीट का आरोप, ACP और SDM को सौंपी तहरीर
पीड़ित किसान मनोज सिंह (पुत्र सुमेर सिंह) ने उपजिलाधिकारी किरावली अभिनव पाठक एवं सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) अछनेरा शैलेंद्र सिंह को लिखित शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। किसान का आरोप है कि वह 22 जून को सुबह करीब 11:30 बजे तहसीलदार के कहने पर हल्का लेखपाल वीरपाल सिंह के पास अपने दो खेतों की पैमाइश कराने गया था। ₹2500 की रिश्वत लेने के बाद भी लेखपाल ने सिर्फ एक खेत की नाप की। जब दूसरे खेत की नाप के लिए अनुरोध किया गया, तो लेखपाल ने सरेआम लात-घूंसों से उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी, जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
युवा प्रदेश अध्यक्ष पवन समाधिया के नेतृत्व में हुआ बड़ा प्रदर्शन
घटना के विरोध में भाकियू (भानु) के युवा प्रदेश अध्यक्ष पवन समाधिया के नेतृत्व में सैकड़ों किसान और संगठन के पदाधिकारी किरावली तहसील पहुंचे। किसान नेताओं ने तीखे शब्दों में कहा कि यदि अन्नदाता सरकारी दफ्तरों और तहसील परिसरों में ही सुरक्षित नहीं रहेंगे, तो उनका प्रशासन पर से विश्वास पूरी तरह उठ जाएगा। संगठन ने दोटूक चेतावनी दी कि यदि आरोपी लेखपाल के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल नहीं भेजा गया, तो वे एक बड़ा और उग्र आंदोलन शुरू करने को बाध्य होंगे।
SDM अभिनव पाठक की संवेदनशीलता की हुई सराहना, फर्श पर बैठकर सुनी फरियाद
इस पूरे हंगामे और प्रदर्शन के बीच किरावली के उपजिलाधिकारी (SDM) अभिनव पाठक की एक बेहद संवेदनशील और सराहनीय कार्यशैली देखने को मिली। जब किसान और भाकियू पदाधिकारी आक्रोश में तहसील परिसर के फर्श पर नीचे जमीन पर बैठ गए, तो SDM अभिनव पाठक ने कोई प्रशासनिक अहंकार न दिखाते हुए बेहद विनम्रता के साथ खुद भी किसानों के साथ जमीन पर बैठकर उनकी पूरी बात और मांग को सुना।
तीन दिन का मिला आश्वासन, फिलहाल आंदोलन स्थगित
एसडीएम अभिनव पाठक ने किसानों को आश्वस्त किया कि इस गंभीर मामले की विभागीय जांच शुरू करा दी गई है। उन्होंने किसान नेताओं को भरोसा दिलाया कि:
“अगले 3 दिन के भीतर जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपी लेखपाल के खिलाफ नियमानुसार कड़ी से कड़ी वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”
प्रशासन की ओर से तीन दिन के भीतर ठोस कार्रवाई का पुख्ता आश्वासन मिलने के बाद किसान नेताओं ने फिलहाल अपने प्रस्तावित आंदोलन को स्थगित रखने का निर्णय लिया है। हालांकि, क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों में इस घटना को लेकर अभी भी भारी रोष है।
ज्ञापन सौंपने वालों में ये प्रमुख चेहरे रहे शामिल:
इस बड़े प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के दौरान मुख्य रूप से मजदूर मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अभिषेक चौहान, जिला पंचायत सदस्य शिवपाल सिकरवार, जिला अध्यक्ष शीतल भदौरिया, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अशोक तिवारी, शैलेंद्र परमार, दिग्विजय सिंह परमार, विशाल सिकरवार, प्रदीप चौहान, सोनू कुमार, विमल कुमार, चेतन ठाकुर, रवि बघेल, प्रवीण कुमार, शैलेंद्र गर्ग, रूपेश भारती, सत्यभान निषाद, लोकेश तोमर, जीतेश सिकरवार, मोहित सिकरवार, मुकेश कुमार, शैलू, सुधीर सिकरवार, राजकुमार और कमलकांत शर्मा सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण और किसान मौजूद रहे।

