प्रदीप चौधरी चैनल हेड UP Live 24X7 खबर सच के साथ
फतेहपुर सीकरी (आगरा)। थाना क्षेत्र के अंतर्गत गुलिस्तां वाहन पार्किंग के समीप गुरुवार शाम को एक रोंगटे खड़े कर देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। यहाँ अपनी रफ़्तार के घमंड और कथित रूप से शराब के नशे में धुत पशु चिकित्साधिकारी संजय तोमर ने अपनी बेकाबू कार से एक स्कूटी सवार ग्रामीण को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना खौफनाक था कि टक्कर के बाद ग्रामीण तो दूर जा गिरा, लेकिन डॉक्टर ने कार रोकने के बजाय स्कूटी को बोनट में फंसाकर करीब 1 किलोमीटर तक फिल्मी अंदाज में सड़क पर घसीटा। पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी डॉक्टर कार छोड़कर मौके से फरार हो गया।
टक्कर मारकर उछला ग्रामीण, सड़क पर कार के नीचे से उठीं आग की लपटें
मिली जानकारी के अनुसार, गुरुवार शाम को ग्राम पंचायत नगर सीकरी (हिस्सा चार) निवासी समुंदर सिंह (32 वर्ष) पुत्र हरि सिंह अपनी इलेक्ट्रिक स्कूटी से कस्बे की ओर आ रहे थे। इसी दौरान बाईपास मोड़ की तरफ से आ रही तेज रफ्तार किया (KIA) कार संख्या UP 80 HQ 8296 के चालक पशु चिकित्साधिकारी संजय तोमर ने स्कूटी में जबरदस्त टक्कर मार दी।
टक्कर लगते ही समुंदर सिंह उछलकर सड़क पर दूर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। लेकिन संवेदनशीलता को ताक पर रखकर डॉक्टर ने गाड़ी की रफ्तार और बढ़ा दी। कार के नीचे फंसी स्कूटी रगड़ाने से सड़क पर आग की लपटें और चिंगारियां उठने लगीं। यह खौफनाक मंजर देखकर स्थानीय ग्रामीणों ने शोर मचाते हुए कार का पीछा किया।
पीछा करने पर सीधे पशु चिकित्सालय में घुसाई कार, खुद हुआ रफूचक्कर
ग्रामीणों को पीछे आते देख आरोपी डॉक्टर संजय तोमर कार को घसीटते हुए सीधे पशु चिकित्सालय परिसर के भीतर ले गया। वहां जैसे ही भारी भीड़ जुटना शुरू हुई, आरोपी डॉक्टर अपनी कार को मौके पर ही छोड़कर और पुलिस के पहुंचने से पहले ही वहां से रफूचक्कर हो गया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और लहूलुहान हालत में तड़प रहे ग्रामीण समुंदर सिंह को तुरंत अस्पताल भिजवाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें आगरा हायर सेंटर रेफर कर दिया है।
पहले भी वायरल हो चुका है अस्पताल में दारू पीने का वीडियो, रिश्वत के भी हैं आरोप
स्थानीय लोगों और सूत्रों के मुताबिक, आरोपी पशु चिकित्साधिकारी संजय तोमर का विवादों से पुराना नाता रहा है। कुछ समय पूर्व इसी जिम्मेदार डॉक्टर का अस्पताल परिसर के भीतर ही बैठकर सरेआम शराब पीने (दारूबाजी) का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ था। इसके अलावा इन पर पूर्व में भी ग्रामीणों से काम के बदले अवैध रूप से पैसे (र रिश्वतखोरी) लेने के गंभीर आरोप लग चुके हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों का दावा— “हादसे के वक्त भी आकंठ नशे में डूबा था डॉक्टर”
घटनास्थल पर मौजूद स्थानीय लोगों का साफ तौर पर कहना है कि जब यह भयानक एक्सीडेंट हुआ, उस समय भी पशु चिकित्साधिकारी संजय तोमर शराब के अत्यधिक नशे में धुत थे, जिसके कारण वह वाहन पर से पूरी तरह नियंत्रण खो बैठे। अब क्षेत्र की जनता और पीड़ित परिवार की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सरेआम गुंडई और लापरवाही दिखाने वाले इस डॉक्टर पर पुलिस और संबंधित विभाग क्या ठोस कार्रवाई करता है।

